Heart Disease

Sakshi Rana
0

Heart Disease: परिभाषा, लक्षण, कारण व रोकथाम के उपाय

Heart Disease की परिभाषा:

ह्रदय रोग में कई प्रकार की स्थितियों का वर्णन करता है जो ह्रदय को प्रभावित करती है ह्रदय रोगों में शामिल है:
  • रक्त वाहिका रोग। 
  • ह्रदय वाल्व रोग। 
  • जन्मजात ह्रदय दोष। 
  • अनियमित दिल की धड़कन। 
  • ह्रदय की मांशपेशी का रोग। 
  • दिल की धड़कन रुकना। 
Heart Disease: परिभाषा, लक्षण, कारण व रोकथाम के उपाय
Image-Source: University Diagnostic Medical Imaging   

लक्षण (Symptoms of Heart Disease):

ह्रदय रोग के लक्षण स्थिति के आधार पर निर्भर करते है, लेकिन सामान्य लक्षणों शामिल है:
  • सीने में दर्द, सीने में जकड़न और सीने में तकलीफ होना। 
  • सांस लेने में कठिनाई होना। 
  • दिल की धड़कन तेज होना। 
  • पैरों में सूजन होना। 
  • चक्कर आना। 
  • थकान होना। 

कारण (Causes of Heart Disease):

  • एथेरोस्क्लेरोसिस (Atherosclerosis)
  • उच्च रक्तचाप (High blood pressure)
  • उच्च कोलेस्ट्रॉल (High cholestrol)
  • धूम्रपान (Smoking)
  • मधुमेह (Diabetes)
  • मोटापा (Obesity)
  • शारीरिक निष्क्रियता (Physical Inactivity)
  • पारिवारिक ऐतिहास (Family History)

रोकथाम के उपाय (Prevention of Heart Disease):

  • नियमित व्यायाम करें। 
  • स्वस्थ आहार बनायें रखें। 
  • वजन को सवस्थ बनायें रखें। 
  • धूम्रपान का सेवन करने से बचें। 
  • कोलेस्ट्रॉल के स्तर को प्रबंधित करें। 
  • रक्तचाप को नियंत्रित रखें। 
  • तनाव को प्रधित करें। 
  • नियमित जांच करवाएं। 
ह्रदय रोग को कम करने के लिए इसकी रोकथाम करना बहुत आवश्यक है, स्वस्थ जीवन शैली को बनाएं रखकर आप अपने ह्रदय रोग को कम कर सकते है। 

Frequently Asked Questions (FAQs):

Q1: हृदय रोग के जोखिम कारक क्या हैं?
ए1: जोखिम कारकों में उच्च रक्तचाप, उच्च कोलेस्ट्रॉल, धूम्रपान, मधुमेह, मोटापा, व्यायाम की कमी, अस्वास्थ्यकर आहार, अत्यधिक शराब और पारिवारिक इतिहास शामिल हैं।

Q2: हृदय रोग से कैसे बचें?
ए2: स्वस्थ जीवनशैली बनाए रखें: नियमित व्यायाम करें, संतुलित आहार लें, धूम्रपान और अत्यधिक शराब से बचें, तनाव का प्रबंधन करें और नियमित जांच कराएं।

Q3: हृदय रोग के लक्षण क्या हैं?
ए3: लक्षणों में सीने में दर्द, सांस लेने में तकलीफ, थकान, चक्कर आना, मतली, अनियमित दिल की धड़कन और पैरों में सूजन शामिल हैं।

Q4: हृदय रोग का निदान कैसे किया जाता है?
ए4: निदान में शारीरिक परीक्षा, रक्त परीक्षण, ईसीजी, इकोकार्डियोग्राम, तनाव परीक्षण और कार्डियक कैथीटेराइजेशन शामिल है।

Q5: हृदय रोग के उपचार क्या हैं?
ए5: उपचार में जीवनशैली में बदलाव, दवाएं, एंजियोप्लास्टी या बाईपास सर्जरी जैसी चिकित्सा प्रक्रियाएं और हृदय पुनर्वास शामिल हैं।

References:

  1. लक्षण [https://www.nhlbi.nih.gov/health/coronary-heart-disease/symptoms-Website]
  2. ह्रदय रोग [https://www.mayoclinic.org/diseases-conditions/heart-disease/symptoms-causes/syc-20353118-Website]

Reviewed by:


Dr. Yogesh Chaudhary






   













Dr. Yogesh Chaudhary (B. Pharma)

Senior Pharmacist at S.N. Medical College, Agra-(UP)

अस्वीकरण | Disclaimer:  

यहां प्रदान की गई जानकारी को पेशेवरों की एक टीम द्वारा समीक्षा के बाद प्रकाशित करने के बाद इसे सटीक और भरोसेमंद बनाने के लिए हमारी सर्वोत्तम क्षमताओं की आपूर्ति की जाती है। यह जानकारी पूरी तरह से उत्पाद पर एक सामान्य अवलोकन प्रदान करने के लिए अभिप्रेत है और इसका उपयोग केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए किया जाना चाहिए। आपको यहां दी गई जानकारी का उपयोग किसी स्वास्थ्य समस्या के निदान, रोकथाम या इलाज के लिए नहीं करना चाहिए। इस पृष्ठ पर निहित कुछ भी डॉक्टर-रोगी संबंध बनाने, प्रतिस्थापित करने या किसी पंजीकृत चिकित्सक के चिकित्सा उपचार/सलाह या परामर्श का विकल्प बनने के लिए अभिप्रेत नहीं है। किसी भी दवा के लिए किसी भी जानकारी या चेतावनी के अभाव पर विचार नहीं किया जाएगा और इसे एक निहित आश्वासन माना जाएगा। हम अत्यधिक अनुशंसा करते हैं कि आप अपनी चिकित्सा स्थिति से संबंधित सभी प्रश्नों या शंकाओं के लिए अपने पंजीकृत चिकित्सक से परामर्श करें। आप इस बात से सहमत हैं कि आप साइट में निहित किसी भी चीज़ पर पूर्ण या आंशिक रूप से आधारित कोई भी स्वास्थ्य या चिकित्सा संबंधी निर्णय नहीं लेंगे। 






Tags

एक टिप्पणी भेजें

0टिप्पणियाँ

Please do not enter any spam link in the comment box

एक टिप्पणी भेजें (0)